मेघालय पुलिस राजा रघुवंशी हत्याकांड की जांच के सिलसिले में 9 दिन तक इंदौर में रहने के बाद बुधवार, 25 जून को शिलॉन्ग लौट गई। पुलिस टीम के साथ बिल्डिंग मालिक लोकेंद्र सिंह तोमर, ब्रोकर-कॉन्ट्रैक्टर शिलोम जेम्स और सिक्योरिटी गार्ड बलवीर अहिरवार भी थे। इन सभी का सामना मुख्य आरोपियों विशाल चौहान और राज कुशवाह से कराया जाएगा।
जांच के दौरान पुलिस ने शिलोम जेम्स की निशानदेही पर इंदौर से एक काला बैग बरामद किया, जिसमें एक पिस्टल, दो मैगजीन, दो कारतूस और 50 हजार रुपये थे। यह बैग सोनम का था, जो राजा की हत्या के बाद शिलॉन्ग से लौटकर इंदौर आई थी और एक फ्लैट में रुकी थी।
इस फ्लैट का मालिक लोकेंद्र सिंह तोमर है, जिसे 23 जून को ग्वालियर से गिरफ्तार किया गया था। यह फ्लैट करीब चार महीने पहले शिलोम जेम्स ने किराये पर लिया था और बलवीर यहां गार्ड व कारपेंटर का काम करता था। जब मीडिया में राजा की हत्या की खबरें आईं, तब शिलोम को पता चला कि सोनम उसी फ्लैट में ठहरी थी जिसे विशाल ने किराये पर लिया था। उसने यह जानकारी लोकेंद्र को दी।
इसके बाद लोकेंद्र ने फ्लैट की तलाशी ली और बैग हटाने की योजना बनाई। फिर वह इंदौर आया, बैग से पैसे और पिस्तौल निकालकर वापस चला गया। बाद में, लोकेंद्र के कहने पर शिलोम ने सोनम का बैग जला दिया। यह पूरी कार्रवाई अब पुलिस जांच का हिस्सा है।

