कछार की फसलें पहले ही डूब कर नष्ट हो गई हैं। अब तराई के खेतों में उफान का पानी भर गया है। इससे बाजरा, तिल, सब्जियों की फसल नष्ट होने का खतरा बढ़ गया है। आबादी क्षेत्र में पानी आने के अंदेशे से ग्रामीण सहमे हुए हैं। तोड़ा के प्रधान नेमीचंद ने बताया कि कछार के बाद तराई के खेतों में फसलें नष्ट होने के अंदेशे से किसान चिंतित हैं। उफान से नदी किनारे के गांव तोड़ा, सेहा, अरनोटा, गुरावली, सेरब, सबोरा, बीधापुरा, बसई अरेला, बसई भदौरिया, कांकरखेड़ा, मानिकपुरा, पिढौरा, कौंध, रीठई गांव प्रभावित होंगे। बाह के एसडीएम हेमंत कुमार ने बताया कि नदी का जलस्तर बढ़ा है। आबादी क्षेत्र प्रभावित नहीं होता है। नजर रखी जा रही है।
शिव-पार्वती विवाह स्थली Triyuginarayan Temple में जोड़े ने लिए सात फेरे
https://youtube.com/shorts/sCNY-H_ShEw उत्तराखंड में बर्फबारी में भी कई जोड़े शादी के बंधन में बंधे। भगवान शिव पार्वती के विवाह स्थल त्रियुगीनारायण में बीते दिन भारी बर्फबारी के बीच सात जोड़े शादी के बंधन में बंधे। वहीं चमोली जिले के जंगलचट्टी गांव में बर्फबारी के बीच...
