विश्वकर्मा समाज की महिला जिला कमेटी द्वारा सोमवार को सावन महोत्सव का आयोजन बड़े उत्साह के साथ किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को एकजुट करना, उनकी प्रतिभाओं को मंच देना और सामाजिक मुद्दों पर जागरूकता फैलाना था।
महोत्सव में बड़ी संख्या में समाज की महिलाओं और युवतियों ने भाग लिया। कार्यक्रम में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, गीत-संगीत, नृत्य और फैशन शो के माध्यम से सावन के उत्सव को खास अंदाज़ में मनाया गया। हरियाली तीज और रक्षाबंधन जैसे त्योहारों की झलक भी देखने को मिली।
मुख्य अतिथि मधुबाला विश्वकर्मा ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि आज के समय में महिलाओं का शिक्षित होना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि शिक्षा न केवल महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाती है, बल्कि समाज में उनकी भूमिका को भी मजबूत करती है। मधुबाला ने यह भी ज़ोर दिया कि समाज को महिलाओं को आगे बढ़ाने में सहयोग करना चाहिए।
उन्होंने यह संदेश भी दिया कि महिलाएं सिर्फ घर तक सीमित न रहें, बल्कि शिक्षा, व्यवसाय, राजनीति और अन्य क्षेत्रों में भी अपनी भागीदारी बढ़ाएं।
इस अवसर पर समाज की अन्य वरिष्ठ महिलाओं और पदाधिकारियों ने भी विचार साझा किए और महिलाओं की भागीदारी को सराहा। कार्यक्रम का समापन सामूहिक नृत्य और सावन गीतों के साथ हुआ। सभी प्रतिभागियों को पुरस्कार भी वितरित किए गए।

