
केंद्र सरकार ने दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की जेड श्रेणी की सीआरपीएफ सुरक्षा वापस ले ली है और उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी फिर से दिल्ली पुलिस को सौंप दी गई है। यह निर्णय 20 अगस्त 2025 को सिविल लाइंस स्थित उनके कैंप कार्यालय में ‘जन सुनवाई’ कार्यक्रम के दौरान उन पर हुए हमले के बाद लिया गया था, जब उन्हें सीआरपीएफ की सुरक्षा प्रदान की गई थी। सूत्रों के अनुसार, सीआरपीएफ सुरक्षा बढ़ाने का आदेश औपचारिक रूप से जारी होने वाला था लेकिन योजना में बदलाव के बाद यह जिम्मेदारी दिल्ली पुलिस को वापिस दे दी गई। हमले की जांच में दिल्ली पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया है, जिसमें मुख्य आरोपी सकरिया राजेशभाई खिमजी और उनका दोस्त तहसीन सैयद शामिल हैं।
