प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 29 अगस्त से 1 सितंबर 2025 तक जापान और चीन की यात्रा पर जाएंगे। वे 29-30 अगस्त को जापान में भारत-जापान वार्षिक शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे और इसके बाद 31 अगस्त से 1 सितंबर तक चीन के तियानजिन में शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। यह 2020 की गलवान घाटी झड़प के बाद उनकी पहली चीन यात्रा होगी और 2018 के बाद पहला दौरा। इस सम्मेलन में रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग भी शामिल होंगे।
SCO शिखर सम्मेलन में 20 से अधिक देशों के नेता और 10 अंतरराष्ट्रीय संगठनों के प्रमुख भाग लेंगे, जिसमें क्षेत्रीय सुरक्षा, आतंकवाद विरोधी सहयोग, और व्यापार जैसे मुद्दों पर चर्चा होगी। मोदी और शी जिनपिंग के बीच द्विपक्षीय मुलाकात की संभावना है, जो भारत-चीन संबंधों को सामान्य करने की दिशा में महत्वपूर्ण हो सकती है। यह यात्रा अमेरिका के साथ व्यापारिक तनाव और टैरिफ युद्ध के बीच हो रही है, जिसे ग्लोबल साउथ की एकजुटता का संदेश माना जा रहा है।

