पिछले महीने भारत-पाक संघर्ष के समय राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को ‘कूटनीतिक हस्तक्षेप’ के कारण 2026 के नोबेल शांति पुरस्कार के लिए पाकिस्तान ने
रिकमेंड किया था लेकिन उसके अगले ही दिन अमेरिका द्वारा ईरान के 3 एटमी ठिकानों पर बमबारी करने के कारण पाकिस्तान ने उनकी जमकर निंदा की|
पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने इस बमबारी पर बयान देते हुए कहा, “हम क्षेत्र में तनाव के और अधिक बढ़ने की संभावना से बहुत चिंतित हैं।” वे आगे बोलते हैं, “अंतर्राष्ट्रीय कानून के सभी मानदंडों का उल्लंघन करते हैं और ईरान को संयुक्त राष्ट्र चार्टर के तहत अपनी रक्षा करने का वैध अधिकार है।”

