भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने हाल ही में सिंगापुर के प्रधानमंत्री लॉरेंस वोंग से नई दिल्ली में एक महत्वपूर्ण मुलाकात की। यह बैठक दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों को और अधिक सुदृढ़ करने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है।
बैठक के दौरान दोनों नेताओं ने आर्थिक, व्यापारिक, तकनीकी और रणनीतिक सहयोग के विभिन्न पहलुओं पर विचार-विमर्श किया। भारत और सिंगापुर के बीच लंबे समय से मजबूत संबंध रहे हैं, और इस मुलाकात ने इन संबंधों को नई दिशा देने का काम किया है। जयशंकर ने कहा कि भारत सिंगापुर के साथ तकनीक, डिजिटल पेमेंट्स, स्टार्टअप्स और स्किल डिवेलपमेंट जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाना चाहता है।
प्रधानमंत्री लॉरेंस वोंग की यह भारत यात्रा सिंगापुर और भारत के बीच लगातार बढ़ते सहयोग को दर्शाती है। उन्होंने भी इस मुलाकात को “उत्पादक और सकारात्मक” करार दिया। दोनों पक्षों ने इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनाए रखने पर भी चर्चा की।
इसके अलावा, उन्होंने क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचार साझा किए, जिनमें आपसी रणनीतिक हितों की भूमिका पर जोर दिया गया। बैठक में दक्षिण एशिया और दक्षिण-पूर्व एशिया में समन्वय बढ़ाने पर सहमति बनी।
यह मुलाकात केवल औपचारिकता नहीं थी, बल्कि इसमें वास्तविक नीतिगत संवाद हुआ। दोनों देशों ने भविष्य में और गहन सहयोग की प्रतिबद्धता जताई। यह बातचीत भारत-सिंगापुर संबंधों को नई ऊँचाइयों तक ले जाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।

