हजारीबाग पुलिस ने एक बड़े अंतरराष्ट्रीय मानव तस्करी रैकेट का भंडाफोड़ करते हुए पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में मास्टरमाइंड भी शामिल है, जो अमेरिकी नागरिक है। यह गिरोह ‘डंकी रूट’ के जरिए लोगों को अवैध तरीके से अमेरिका भेजता था। ‘डंकी रूट’ एक ऐसा रास्ता है जिसमें लोग कई देशों की सीमाएं पार करते हुए अमेरिका पहुंचते हैं, जिसमें उन्हें अत्यधिक जोखिम और खतरों का सामना करना पड़ता है।
पुलिस को इस गिरोह के बारे में गुप्त सूचना मिली थी, जिसके आधार पर कार्रवाई की गई। जांच में पता चला कि यह गिरोह झारखंड समेत अन्य राज्यों के लोगों को अमेरिका में नौकरी और बेहतर जीवन का लालच देकर ठगता था। ये लोग प्रति व्यक्ति लाखों रुपये वसूलते थे और फर्जी दस्तावेजों की मदद से उन्हें विदेश भेजने की प्रक्रिया शुरू करते थे।
गिरफ्तार मास्टरमाइंड के पास अमेरिकी नागरिकता है और वह भारत में रहकर गिरोह का संचालन कर रहा था। इसके अलावा चार अन्य आरोपी भी इस अवैध कारोबार में शामिल थे, जो ट्रैवल एजेंट के रूप में कार्य करते थे। पुलिस ने इनके पास से कई फर्जी दस्तावेज, पासपोर्ट, लैपटॉप और मोबाइल जब्त किए हैं।
हजारीबाग पुलिस अधीक्षक ने बताया कि यह कार्रवाई अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मानव तस्करी रोकने की दिशा में एक बड़ी सफलता है। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों और नेटवर्क की भी जांच कर रही है।

