गोमती गुटका से युवाओं को कैंसर, फेक बिलिंग से हजारों करोड़ की टैक्स चोरी!
कैंसर का कारखाना चलाकर अस्पताल-स्कूल का नाटक! राजेश गुप्ता का दोहरा खेल, CM योगी की जीरो टॉलरेंस पर सवाल
ग्रीनबेरी माफिया राजेश गुप्ता का काला साम्राज्य: गोमती गुटका से युवाओं को कैंसर, फेक बिलिंग से देश की अर्थव्यवस्था की लूट!
लखनऊ/नोएडा।
देश की युवा पीढ़ी को कैंसर की लत लगाकर, फेक बिलिंग के जरिए हजारों करोड़ की टैक्स चोरी करके, मनी लॉन्ड्रिंग का सबसे खतरनाक नेटवर्क चलाने वाला ग्रीनबेरी ग्रुप का मालिक राजेश गुप्ता अब पूरी तरह बेनकाब हो चुका है। गोमती गुटका बेचकर युवाओं को मौत का सौदा देने वाला यह माफिया एक तरफ काला धन कमाता है, तो दूसरी तरफ ग्रीनबेरी स्कूल और अस्पताल चलाकर “समाजसेवी” का सस्ता नाटक करता है।
राजेश गुप्ता, उनका मैनेजर शमशाद (5 पिलर) और धनंजय (GINkGO) मिलकर फेक बिलिंग का सबसे बड़ा जाल फैला रखा है। स्वराज एल्युमिनियम, ज्ञान चंद्र चंद्रभान, टेक्नो फाइल्स, बालको इंडस्ट्रीज समेत दर्जनों शेल कंपनियों के नाम पर बिना माल भेजे, बिना गाड़ी हिलाए फर्जी इनवॉइस जारी की जा रही है। इनकम टैक्स विभाग पर 1700 करोड़ रुपये की देनदारी और 159 करोड़ रुपये की जीएसटी फ्रॉड का आरोप इन पर लगा है।न्यू राजेंद्र नगर के F-244 आवास से यह पूरा खेल संचालित हो रहा है। शुरुआत में कुछ ब्याज मिलने के बाद भुगतान बंद कर दिया जाता है और पैसे मांगने पर जान से मारने की धमकियां दी जाती हैं। यह ठगों का सबसे गंदा, सबसे क्रूर और सबसे पाशविक खेल है।
गोमती गुटका: युवाओं का कैंसर कारखानागोमती गुटका बेचकर राजेश गुप्ता देश की युवा पीढ़ी को मुंह का कैंसर, गर्दन का कैंसर और मौत का सौदा दे रहा है। COTPA 2003 और Food Safety Act का खुला उल्लंघन करते हुए यह अवैध गुटका कारोबार चलाया जा रहा है। लखनऊ से नोएडा तक फैले इस जहर की कमाई सीधे F-244 के आलीशान मकान पहुंचाई जा रही है।दोहरा मापदंड का सबसे घटिया चेहराएक तरफ कैंसर बेचो और फेक बिलिंग से देश लूटो, दूसरी तरफ ग्रीनबेरी स्कूल और अस्पताल चलाकर “समाजसेवी” का नाटक करो — यही राजेश गुप्ता का दोहरा खेल है। फेक बिलिंग से मिला काला कैश स्कूल-हॉस्पिटल में लगाकर छवि साफ करने की कोशिश की जा रही है।कार्रवाइयां और साजिशअक्टूबर 2024 में इनकम टैक्स विभाग ने ग्रीनबेरी ग्रुप पर सर्च एंड सीज ऑपरेशन किया, जिसमें सोने के सिक्के और जेवरात जब्त हुए। दिसंबर 2025 में जीएसटी छापा पड़ा और 159 करोड़ की पेनल्टी लगाई गई। फिर भी राजेश गुप्ता, शमशाद और धनंजय धड़ल्ले से फर्जीवाड़ा चला रहे हैं।समाचार प्लस ओट की अपीलसमाचार प्लस ओट द्वारा राजेश गुप्ता को लगातार संपर्क करने की कोशिश की गई। ईमेल और व्हाट्सएप के माध्यम से कई बार उनका पक्ष जानने हेतु सवाल भेजे गए, लेकिन कोई जवाब नहीं आया। जैसे ही उनका पक्ष आएगा, हम आपको जरूर दिखाएंगे।
अब सख्त कार्रवाई की मांगआयकर विभाग, जीएसटी विभाग, पुलिस और सभी एजेंसियां तुरंत इस पूरे नेटवर्क को कुचलें। राजेश गुप्ता, शमशाद और धनंजय जैसे खूंखार अपराधियों को सलाखों के पीछे डालें। वरना यह कैंसर पूरे देश को निगल जाएगा।

