मुंबई: भारत के प्रमुख क्रिप्टो एक्सचेंज CoinDCX (Niblo Technologies Pvt Ltd) की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। नालासोपारा के एक पीड़ित द्वारा मुंबई हाईकोर्ट में दायर एक रिट याचिका ने क्रिप्टो जगत में हड़कंप मचा दिया है। याचिकाकर्ता ने स्थानीय पुलिस पर मामले को रफा-दफा करने का आरोप लगाते हुए इस पूरे प्रकरण की जांच CBI (केंद्रीय जांच ब्यूरो) और ED (प्रवर्तन निदेशालय) से कराने की मांग की है।
फर्जी दस्तावेजों और मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप
शिकायत के अनुसार, CoinDCX ने फ्रैंचाइजी देने के नाम पर RBI और फाइनेंशियल इंटेलिजेंस यूनिट (FIU) के जाली दस्तावेज दिखाकर करोड़ों रुपये की थर्ड पार्टी पेमेंट ली। याचिका में आरोप लगाया गया है कि यह सीधे तौर पर मनी लॉन्ड्रिंग का मामला है। पीड़ित का दावा है कि साइबर थाने के जांच अधिकारी प्रकाश चंद्रकांत सावंत जानबूझकर कंपनी के डायरेक्टर्स नीरज खंडेलवाल और सुमित गुप्ता को बचा रहे हैं और उन्हें अब तक पूछताछ के लिए नोटिस तक नहीं दिया गया है।

300 करोड़ का हैक और ‘Munro-Zelx’ कॉइन्स का रहस्य
याचिका में जुलाई 2025 में हुए 300 करोड़ रुपये के हैक पर भी तीखे सवाल उठाए गए हैं। कोर्ट से पूछा गया है कि क्या वह पैसा निवेशकों का था? साथ ही, Munro और Zelx जैसे कॉइन्स को लिस्ट और डीलिस्ट करने के पीछे की मंशा और उनके असली मालिकों की पहचान उजागर करने की मांग की गई है।
फर्जी रेगुलेटरी दावे और लैविश चौधरी कनेक्शन
रिट याचिका में स्पष्ट किया गया है कि FIU सिर्फ रजिस्ट्रेशन करता है, सर्टिफिकेट नहीं देता, जबकि कंपनी बार-बार FIU सर्टिफाइड होने का दावा करती रही। इसके अलावा, Equitas Small Finance Bank के साथ संदिग्ध ट्रांजेक्शन्स और 50,000 करोड़ के स्कैम आरोपी लैविश चौधरी से कंपनी के संभावित संबंधों की जांच की भी मांग की गई है।

जेल जा चुके हैं फाउंडर्स
गौरतलब है कि मुंब्रा कोतवाली (केस नंबर 0365/26) में दर्ज मामले में सुमित गुप्ता और नीरज खंडेलवाल को दो दिन जेल की हवा भी खानी पड़ी थी, हालांकि बाद में समझौता होने पर उन्हें जमानत मिल गई। अब नालासोपारा के पीड़ित ने समझौता करने से इनकार कर हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है, जिससे कंपनी की साख दांव पर लग गई है।
सावधानी: समाचार प्लस ओटीटी निवेशकों को सलाह देता है कि किसी भी क्रिप्टो प्लेटफॉर्म पर निवेश से पहले उसकी पारदर्शिता और रेगुलेटरी मंजूरी की गहन जांच अवश्य करें। आपका पैसा, आपकी जिम्मेदारी।

