प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने गुरुवार सुबह निलंबित आईएएस अधिकारी अभिषेक प्रकाश सिंह के कथित करीबी और दलाल निकांत जैन के तीन ठिकानों पर छापेमारी की। यह कार्रवाई लखनऊ, मेरठ और नोएडा में एक साथ की गई। ईडी की टीमें सुबह-सुबह जैन के आवास और अन्य ठिकानों पर पहुंचीं और दस्तावेजों की जांच शुरू की।
निकांत जैन पर आरोप है कि वह अभिषेक प्रकाश सिंह के लिए दलाली करता था और रिश्वत के लेन-देन में शामिल था। इसके अलावा, उस पर बैंकों के साथ लगभग 4 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी का भी आरोप है। ईडी को शक है कि यह धनराशि अवैध रूप से अर्जित की गई और इसका इस्तेमाल भ्रष्टाचार से संबंधित गतिविधियों में किया गया।
सूत्रों के अनुसार, ईडी को छापेमारी के दौरान कई अहम दस्तावेज और डिजिटल सबूत मिले हैं, जिन्हें जांच के लिए जब्त कर लिया गया है। यह छापेमारी मनी लॉन्ड्रिंग के एक बड़े मामले से जुड़ी हुई है, जिसमें यह पता लगाया जा रहा है कि जैन और अभिषेक सिंह के बीच कैसे लेन-देन होते थे और इन पैसों का इस्तेमाल किन उद्देश्यों के लिए किया गया।
अभी तक ईडी की ओर से आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन जांच एजेंसी इस कार्रवाई को भ्रष्टाचार और मनी लॉन्ड्रिंग के खिलाफ बड़े अभियान के तहत देख रही है। आने वाले दिनों में और भी लोगों से पूछताछ हो सकती है।

